Search
ताजा खबर  
 Mail to a Friend Print Page   Share This News Rate      
Save This Listing     Stumble It          
 


 ये हैं भारत के रहस्यमयी खजाने जिनकी खोज अभी है बाकी...

एक समय था जब भारत को सोने की चिड़िया कहा जाता था, मगर भारत को विदेशियों ने इतनी बार लूटा कि यहां का सारा खजाना खत्म हो गया। यही दौलत दुनिया भर के हमलावरों को भी अपनी ओर खींचती थी। इसीलिए उस दौर के राजा अपने खजानों को बचाने के लिए इनसे जुड़ी जानकारियां गुप्त रखते थे। उस दौरान कई क्रूर आक्रमणकारी भले ही राजाओं की सत्ता छीनने में कामयाब रहे, लेकिन वे कई छिपे हुए खजानों को हासिल नहीं कर सके।

भारत में ऐसे कई खजाने हैं, जिनकी तलाश करनी अभी भी बाकी है। हम आपको देश के ऐसे ही कुछ खजानों के बारे में बता रहे है जिन्हें लेकर कई तरह की किवदंतिया आज भी प्रचलित है...

नादिर शाह का खजाना: नादिर शाह ने 1739 में भारत पर हमला कर दिल्ली पर कब्जा कर लिया था। इस हमले में न केवल हजारों निर्दोष लोग मारे गए थे, बल्कि नादिर शाह पूरी दिल्ली को भी लूटकर ले गया था। लूटे गए खजाने में मयूर तख्त और कोहिनूर के साथ लाखों की संख्या में सोने के सिक्के और बड़ी मात्रा में जवाहरात थे। सालों से चली आ रही कहानियों के मुताबिक माना जाता है कि युद्ध के उस माहौल में नादिर शाह पूरे खजाने पर अपनी नजर नहीं रख पाया। वापस जाते वक्त नादिर शाह के काफिले से जुड़े बड़े अफसर और सिपहसालारों ने इस खजाने का काफी हिस्सा छिपा दिया। इस बेशकीमती खजाने को अभी भी खोजा जाना बाकी है।

कृष्णा नदी का खजाना: आंध्र प्रदेश के गुंटूर में कृष्णा नदी के तटीय इलाके काफी समय से अपने हीरों के लिए प्रसिद्ध थे। एक समय में यह इलाका गोलकुंडा राज्य में शामिल था। विश्व प्रसिद्ध कोहिनूर हीरा भी यहीं की खदानों से निकाला गया था। माना जाता है कि इलाके में कृष्णा नदी के तट पर कई हीरे खोजे जाने का इंतजार कर रहे हैं।

बिम्बिसार का खजाना: ईसा पूर्व पांचवी शताब्दी में बिम्बिसार मगध का राजा था। इसके बाद ही मौर्य साम्राज्य का विस्तार शुरू हुआ था। माना जाता है कि बिहार के राजगीर में बिम्बिसार का खजाना छिपा हुआ है। यहां पर स्थित दो गुफाओं (सोन भंडार गुफा) में पुरानी लिपि में कुछ लिखा हुआ है, जिसे अभी तक पढ़ा नहीं जा सका है। माना जाता है कि इसमें ही खजाने से जुड़े संकेत छिपे हो सकते हैं। खजाने से जुड़े संकेत इतने ठोस थे कि अग्रेजों ने इस खजाने को खोजने के लिए तोप का सहारा लिया लेकिन असफल रहे थे। लोगों के मुताबिक संभव है कि यहां लिखे संकेतों से कहीं और छिपे खजाने का नक्शा मिल सके।

जहांगीर का खजाना: राजस्थान से 150 किलोमीटर दूर अलवर का किला मौजूद है। इलाके में प्रचलित कहानियों के मुताबिक मुगल शहंशाह जहांगीर अपने निर्वासन के दौरान अलवर में रहा था। इस दौरान जहांगीर ने अपना खजाना यहां किसी गुप्त जगह पर छिपा दिया था। कई लोग मानते हैं कि यह खजाना अभी भी अलवर में कहीं दबा हुआ है।

श्री मोक्कम्बिका मंदिर का खजाना: कर्नाटक के पश्चिमी घाट में कोलूर में स्थित मोक्कम्बिका मंदिर में भी खजाना होने की बात कही जाती है। मंदिर के पुजारी के मुताबिक मंदिर में सांपों के खास निशान बने हुए हैं। भारतीय मान्यताओं के मुताबिक छिपे हुए खजानों की रक्षा सांप करते हैं। ऐसे में पुराने समय में खजाना छिपाने वाले ऐसे चिह्न बनाते थे। इससे मंदिर से जुड़े लोगों को संकेत और चेतावनी दोनों मिल जाए। इस खजाने का अनुमान इस बात से ही लगाया जा सकता है कि मंदिर में रखे जवाहरात की कीमत 100 करोड़ रुपए आंकी गई है। अभी तक खजाने का कोई सुराग नहीं मिला है।

राजा मान सिंह का खजाना: मान सिंह प्रथम अकबर के दरबार में ऊंचे ओहदे पर थे। 1580 में मान सिंह ने अफगानिस्तान पर जीत हासिल की थी। माना जाता है कि इस जीत में मिले खजाने को मान सिंह ने किसी स्थान पर छिपा दिया था। यह कहानी कितनी ठोस थी, इसका पता इस बात से चलता है कि आजादी के बाद इमरजेंसी के दौरान तत्कालीन केंद्र सरकार ने इस खजाने को खोजने का आदेश दिया था। इसको लेकर लंबे समय तक सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप भी हुए थे। आधिकारिक रूप से यह खजाना अभी भी किस्से कहानियों का हिस्सा बना हुआ है और माना जाता है कि यह अभी भी किसी गुप्त स्थान पर छिपा हुआ है।

मीर उस्मान अली का खजाना: हैदराबाद के आखिरी निजाम मीर उस्मान अपने समय के सबसे धनी व्यक्ति थे। साल 1937 में प्रतिष्ठित टाइम मैगजीन ने उन्हें दुनिया का सबसे अमीर व्यक्ति बताया था। उन्होंने अपने शासनकाल में काफी धन-संपदा जमा की थी। कहा जाता है कि किंग कोठी पैलेस के अंडरग्राउंड कमरे में उन्होंने अपनी सारी दौलत को छुपाया था। उनके खजाने में बेशकीमती हीरे, जवाहरात, रूबी, नीलम जैसे बहुमूल्य रत्न थे। उनकी मौत के साथ खजाने का राज भी दफन हो गया।

समान समाचार  
tejnews.com
     
90 साल में बनकर तैयार हुई थी दुनिया की सबसे बड़ी गौतम बुद्ध की मूर्ति
दुनिया में कई तरह की धारणा सदियों से चलती आ रही है. जिनके पीछे कोई वैज्ञानिक तर्क न होने पर भी लोग पीढ़ियों तक इसे मानते आ रहे हैं. जैसे हमारे यहां कहा जाता है कि सुबह-सुबह अपने किसी प्रियजन का चेहरा देखना चाहिए, जिससे कि हमारा पूरा दिन अच्छा गुजर सके. इसी तरह चीन के लेशान में स्थित महात्मा बुद्ध की विशाल प्रतिमा को देखकर, लोग अपने नए साल की शुरूआत करते हैं. इनकी मान्यता है कि नए साल की शुरूआत में अपने मार्गदर्शक गौतम बुद्ध की इस प्रतिमा को एक बार देखने भर से ही किसी भी व्यक्ति की सोई किस्मत चमक सकती है. ‘लेशान बुद्ध’ के नाम से प्रसिद्ध 230 फीट लम्बी इस पत्थर की प्रतिमा को, यूनेस्क
read more..

90 साल में बनकर तैयार हुई थी दुनिया की सबसे बड़ी गौतम बुद्ध की मूर्ति

शंगचुल महादेव मंदिर – घर से भागे प्रेमियों को मिलता है यहां आश्रय

जानिए अघोरियों की रहस्यमयी दुनिया की कुछ अनजानी और रोचक बातें

क्यों पैदा होते हैं ट्रांसजेंडर (किन्नर)

पहले की 25 शादियां, जिनसे हैं इतने बच्चे, अब लगाने पड़ रहे हैं कोर्ट के फेरे

इस राजा की थी 365 रानियां, उनके खास महल में केवल निर्वस्‍त्र हीं कर सकते थे एंट्री

इस देश में हर साल समुद्र हो जाता है लाल, कारण जानकर रह जाएंगे दंग

यहां जलती चिताओं के पास आखिर क्यों पूरी रात नाचती हैं सेक्स वर्कर?

भारत का एक मात्र श्मशान जहां लाशों से भी वसूलते हैं पैसे......

यहां सभी भाई करते हैं एक ही लड़की से शादी, एक टोपी पर निर्भर करता है विवाहित जीवन

कब्र में हो रही थी हरकत, गांव वालों ने मिट्टी हटाई तो जिंदा निकला शख्स

ऐसे 12 देश जहां घर बनाने के लिए बिल्कुल फ्री में मिलती हैं जमीन और रुपये

आखिर वो कोन सा पेड़ है? जिस पर लगते हैं 40 तरह के फल

जहाँ सामूहिक आत्महत्या करने आते हैं पक्षी

जानिए एक ऐसे गांव के बारे में जो बसता है जमीन के अंदर

कभी नहीं लौटे यंहा जाने वाले क्योंकि यह जगह है मुर्दों का शहर

कौन है वह जो भटक रहा है धरती पर 3000 वर्षों से धर्म की रक्षा हेतु धर्म युद्ध के लिए

यहां रात में रुकने पर इन्सान बन जाता है पत्थर:- जानिए इस रहस्यमयी मंदिर के बारे में

देखिये कुछ अनसुलझे रहस्य जिन्हें आज तक वैज्ञानिक भी नहीं सुलझा पाए

दुनिया की सबसे परफेक्ट फिगर वाली महिला है एक्ट्रेस केली ब्रूक

पब्लिक पोल  
हाँ
नहीं
ठीक
नहीं
Poll Comments
  
tejnews.com
tejnews.com
tejnews.com
tejnews.com
tejnews.com
 
 
 
 
होम  |  देश  | MP-CG  | धर्म-कर्म  | हेल्थ  | अजबगजब  | व्यक्ति-ब्लॉग  | लाइफस्टाइल  | सैर  | राजनीति  | रीवा रीजन  | UP-RJ  | नियम एवं शर्तें  | गोपनीयता नीति  | विज्ञापन हमारे साथ  | हमसे संपर्क करें  | Live टीवी
TejNews.com Copyrights2011-2012. All rights reserved. Designed & Developed by : MakSoft.in
 
Hit Counter